अगर आप सुरक्षित निवेश के साथ गारंटीड रिटर्न की तलाश में हैं, तो पोस्ट ऑफिस की रिकरिंग डिपॉजिट (RD) स्कीम एक बेहतरीन विकल्प है। इस योजना की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें आपको एक साथ बड़ी रकम जमा करने की जरूरत नहीं होती, बल्कि आप हर महीने अपनी सुविधा के अनुसार छोटी राशि बचाकर निवेश कर सकते हैं।
पोस्ट ऑफिस आरडी योजना की मुख्य विशेषताएं
पोस्ट ऑफिस की आरडी स्कीम एक मध्यम अवधि की बचत योजना है, जो विशेष रूप से उन लोगों के लिए फायदेमंद है जिनकी मासिक आय निश्चित है।
- न्यूनतम निवेश: आप मात्र ₹100 महीने से इस योजना की शुरुआत कर सकते हैं। अधिकतम निवेश की कोई सीमा नहीं है।
- समय अवधि: यह खाता 5 साल (60 महीने) के लिए खोला जाता है। 5 साल पूरे होने के बाद आप इसे अगले 5 साल के लिए और बढ़ा सकते हैं।
- सुरक्षित निवेश: क्योंकि यह सरकारी योजना है, इसलिए इसमें आपका पैसा पूरी तरह सुरक्षित रहता है और रिटर्न की गारंटी होती है।
- लोन की सुविधा: खाता खोलने के एक साल बाद आप अपनी जमा राशि पर लोन भी ले सकते हैं।
आरडी खाता खोलने के लिए जरूरी दस्तावेज
डाकघर में आरडी अकाउंट ओपन करने के लिए आपके पास निम्नलिखित दस्तावेज होने चाहिए:
- आधार कार्ड
- पहचान पत्र (पैन कार्ड, वोटर आईडी या ड्राइविंग लाइसेंस)
- निवास प्रमाण पत्र (बिजली बिल या राशन कार्ड)
- पासपोर्ट साइज फोटो
- आधार से लिंक मोबाइल नंबर
₹500 हर महीने जमा करने पर कितना मिलेगा?
अगर आप पोस्ट ऑफिस की इस स्कीम में प्रत्येक महीने ₹500 का निवेश करते हैं, तो 5 साल बाद की गणना कुछ इस प्रकार होगी:
- कुल जमा राशि: ₹30,000
- अनुमानित ब्याज: ₹4,528
- मैच्योरिटी पर कुल रकम: ₹34,528
₹1000 महीने के निवेश पर ₹69,000 का फंड
यदि आप 5 साल बाद लगभग ₹69,000 की राशि प्राप्त करना चाहते हैं, तो आपको अपनी मासिक बचत बढ़ानी होगी। गणना देखें:
- मासिक निवेश: ₹1,000
- कुल जमा राशि: ₹60,000
- अनुमानित ब्याज: ₹9,056
- मैच्योरिटी पर कुल रकम: ₹69,056
आरडी अकाउंट कैसे खोलें?
पोस्ट ऑफिस में आरडी खाता खोलना बहुत आसान है। आपको अपने नजदीकी डाकघर (Post Office) में जाकर आवेदन फॉर्म भरना होगा। फॉर्म के साथ ऊपर बताए गए दस्तावेजों की फोटोकॉपी और ओरिजिनल कॉपी वेरिफिकेशन के लिए साथ ले जाएं। आप अपनी किस्त मैन्युअल रूप से जमा कर सकते हैं या अपने बचत खाते से ‘ऑटो-डेबिट’ की सुविधा भी ले सकते हैं।
अस्वीकरण: उपर्युक्त गणना वर्तमान ब्याज दरों के आधार पर एक अनुमान है। सरकार द्वारा समय-समय पर ब्याज दरों में बदलाव किया जा सकता है। निवेश से पहले अपने नजदीकी डाकघर में जाकर सटीक दरों की पुष्टि अवश्य करें।